Skip to main content Scroll Top
Gujarat Train News: गुजरात में बड़ा रेल हादसा टला, भिलाड पहुंचने से पहले पैसेंजर ट्रेन के चार पहिए पटरी से उतरे
हादसे का शिकार हुई मेमू ट्रेन
हादसे का शिकार हुई मेमू ट्रेन

Gujarat Train News: गुजरात के वलसाड जिले में मंगलवार सुबह एक बड़ा रेल हादसा टल गया। विरार से भरूच जा रही ट्रेन संख्या 19101 विरार–भरूच MEMU भिलाड रेलवे स्टेशन पहुंचने ही वाली थी कि उसके आगे वाले ड्राइविंग मोटर कोच (DMC) के चार पहिए अचानक पटरी से उतर गए। घटना के बाद ट्रेन में बैठे यात्रियों में कुछ देर के लिए अफरा-तफरी मच गई, लेकिन राहत की बात यह रही कि इस हादसे में किसी भी यात्री, रेल कर्मचारी या आम नागरिक के घायल होने की सूचना नहीं है। हादसे के तुरंत बाद पश्चिम रेलवे के अधिकारी और राहत दल मौके पर पहुंच गए। रेलवे ने सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए ट्रेन को आगे जाने से रोक दिया और उसे भिलाड स्टेशन पर ही शॉर्ट-टर्मिनेट कर दिया। इसके चलते भिलाड से भरूच तक ट्रेन की यात्रा रद्द कर दी गई। अधिकारियों ने बताया कि री-रेलमेंट (दोबारा पटरी पर चढ़ाने) का काम युद्धस्तर पर शुरू कर दिया गया है।

सुबह 6:27 बजे हुआ हादसा

पश्चिम रेलवे के अनुसार यह घटना मंगलवार सुबह करीब 6:27 बजे हुई। ट्रेन भिलाड रेलवे स्टेशन के प्लेटफॉर्म नंबर-1 की ओर प्रवेश कर रही थी, तभी उसके फ्रंट DMC के चार पहिए पटरी से उतर गए। ट्रेन की रफ्तार कम होने के कारण बड़ा हादसा टल गया और किसी तरह की जनहानि नहीं हुई। रेलवे अधिकारियों ने बताया कि यदि ट्रेन तेज गति में होती तो स्थिति कहीं अधिक गंभीर हो सकती थी। शुरुआती जांच में यह स्पष्ट नहीं हो पाया है कि डिरेलमेंट की असली वजह क्या थी। इसके लिए विस्तृत तकनीकी जांच के आदेश दिए गए हैं।

यात्रियों में मची अफरा-तफरी

जैसे ही ट्रेन के पटरी से उतरने की जानकारी यात्रियों को मिली, कुछ देर के लिए डिब्बों में घबराहट का माहौल बन गया। हालांकि रेलवे कर्मचारियों और सुरक्षा कर्मियों ने तुरंत स्थिति को संभाल लिया और यात्रियों को शांत रहने की अपील की। रेलवे ने बताया कि ट्रेन की गति कम होने के कारण किसी को चोट नहीं आई। सभी यात्रियों को सुरक्षित बाहर निकाला गया और आवश्यक सहायता उपलब्ध कराई गई।

भिलाड में ही खत्म हुई ट्रेन की यात्रा

हादसे के बाद पश्चिम रेलवे ने फैसला लिया कि ट्रेन संख्या 19101 विरार–भरूच MEMU की यात्रा भिलाड स्टेशन पर ही समाप्त कर दी जाएगी। इसका मतलब है कि ट्रेन भिलाड से भरूच के बीच आगे नहीं जाएगी। यात्रियों को वैकल्पिक व्यवस्था और आगे की यात्रा के लिए रेलवे की ओर से आवश्यक जानकारी दी गई। साथ ही यात्रियों से यात्रा शुरू करने से पहले ट्रेन का ताज़ा स्टेटस जांचने की अपील की गई।

राहत कार्य तुरंत शुरू

घटना के बाद वलसाड से Accident Relief Train (ART) और Accident Relief Medical Equipment (ARME) को तुरंत घटनास्थल के लिए रवाना किया गया। रेलवे इंजीनियरों की टीम ने सबसे पहले ट्रैक की स्थिति का निरीक्षण किया और उसके बाद डिरेल हुए कोच को दोबारा पटरी पर लाने का काम शुरू किया। अधिकारियों ने बताया कि प्राथमिकता ट्रैक को सुरक्षित बनाकर रेल संचालन सामान्य करना है।

कई ट्रेनों के समय में बदलाव

इस घटना का असर मुंबई–गुजरात रेल मार्ग पर भी पड़ा। पश्चिम रेलवे ने कई ट्रेनों के प्रस्थान समय में बदलाव किया।

बदले गए प्रमुख समय इस प्रकार हैं:-

  • ट्रेन संख्या 19015 दादर–पोरबंदर एक्सप्रेस – सुबह 9:30 बजे के बजाय अब 10:30 बजे रवाना होगी।
  • ट्रेन संख्या 09055 बांद्रा टर्मिनस–उधना एक्सप्रेस – सुबह 9:00 बजे के बजाय अब 10:00 बजे प्रस्थान करेगी।
  • ट्रेन संख्या 59045 मुंबई सेंट्रल–वापी ट्रेन – सुबह 9:55 बजे की जगह 10:55 बजे चलेगी।
  • ट्रेन संख्या 09001 मुंबई सेंट्रल–बाड़मेर स्पेशल – सुबह 10:30 बजे के बजाय 11:30 बजे रवाना होगी।

रेलवे ने यात्रियों से अनुरोध किया है कि वे स्टेशन आने से पहले ट्रेन का लेटेस्ट स्टेटस अवश्य जांच लें।

जांच के बाद सामने आएगी वजह

रेलवे अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि अभी डिरेलमेंट के कारणों के बारे में कोई अंतिम निष्कर्ष नहीं निकाला गया है। तकनीकी टीम ट्रैक, पॉइंट्स, सिग्नल और कोच की स्थिति की जांच करेगी। जांच रिपोर्ट आने के बाद ही यह स्पष्ट होगा कि हादसा तकनीकी खराबी, ट्रैक की समस्या या किसी अन्य कारण से हुआ।

मुंबई–गुजरात रूट पर पड़ा असर

भिलाड स्टेशन पश्चिम रेलवे के सबसे व्यस्त मार्गों में से एक, मुंबई–गुजरात कॉरिडोर पर स्थित है। इस रूट से हर दिन बड़ी संख्या में लोकल MEMU, एक्सप्रेस और लंबी दूरी की ट्रेनें गुजरती हैं। डिरेलमेंट के कारण कुछ समय के लिए इस सेक्शन पर रेल यातायात प्रभावित रहा। रेलवे ने ट्रेनों को नियंत्रित गति से चलाया और परिचालन को सामान्य करने के लिए लगातार निगरानी रखी।

रेलवे ने यात्रियों से की अपील

पश्चिम रेलवे ने यात्रियों से अपील की है कि वे अफवाहों पर ध्यान न दें और केवल आधिकारिक सूचना पर भरोसा करें। यात्रियों को सलाह दी गई है कि यात्रा से पहले NTES (National Train Enquiry System) या पश्चिम रेलवे के आधिकारिक सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर ट्रेन का स्टेटस अवश्य देखें। इससे अनावश्यक परेशानी से बचा जा सकता है।

समय रहते टला बड़ा हादसा

रेल विशेषज्ञों का मानना है कि इस घटना में सबसे राहत की बात यह रही कि ट्रेन स्टेशन पर प्रवेश करते समय धीमी गति में थी। इसी वजह से डिब्बे पलटे नहीं और कोई गंभीर नुकसान नहीं हुआ। यदि यही घटना तेज रफ्तार में होती, तो इसके परिणाम कहीं अधिक गंभीर हो सकते थे। रेलवे की त्वरित प्रतिक्रिया और राहत दल की सक्रियता से स्थिति पर जल्द नियंत्रण पा लिया गया।

 

 

 

 

 

 

 

 

Read Related News: दिल्ली-एनसीआर में मेहरबान हुआ मानसून, तेज बारिश के साथ IMD का ऑरेंज अलर्ट जारी

Author

  • Sakshi Raj

    A passionate Content Writer with hand on experience in creating a SEO Friendly content. Turning a Complex topics into Simple articles that connect with readers.

Related Posts

लेटेस्ट ➤

Advertising Banner
305x250