
Brij Bhushan Sharan Singh Statement: भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के पूर्व सांसद बृजभूषण शरण सिंह एक बार फिर से अपने बयानों को लेकर चर्चा में हैं। बताया जा रहा है की गोंडा जिले के नवाबगंज स्थित अपने पैतृक गांव विष्णोहरपुर में मीडिया से बातचीत करते हुए उन्होंने पेपर लीक मामले, अयोध्या राम मंदिर दानपात्र विवाद, महिला पहलवानों के आंदोलन, पश्चिम बंगाल की राजनीति और राहुल गांधी को लेकर खुलकर अपनी राय रखी है। हालांकि राम मंदिर दानपात्र विवाद पर उन्होंने ऐसा बयान दिया जिसने राजनीतिक गलियारों में नई चर्चा छेड़ दी है। ऐसे में आइए यहां विस्तार से जानते हैं पूरा मामला
राम मंदिर दानपात्र विवाद पर क्या बोले बृजभूषण सिंह?
अयोध्या के राम जन्मभूमि मंदिर में दानपात्र से जुड़ी कथित अनियमितताओं को लेकर जब पत्रकारों ने सवाल पूछा तो बृजभूषण सिंह ने सीधे जवाब देने से परहेज किया। उन्होंने कहा कि अगर वह इस मामले में सच बोल देंगे तो उन्हें परेशानी का सामना करना पड़ सकता है। उन्होंने कहा, “अगर मैं सच बोल दूंगा तो बहुत परेशानी में आ जाऊंगा, क्योंकि वो बहुत बड़े लोग हैं। अभी सत्य बोलने की हमारी हिम्मत नहीं है। सही समय आने पर जरूर बोलेंगे।” ऐसे में उनके इस बयान के बाद यह मुद्दा फिर से चर्चा में आ गया है। हालांकि उन्होंने किसी व्यक्ति या संस्था का नाम नहीं लिया और न ही किसी आरोप की पुष्टि की।
पेपर लीक मामले में शिक्षा मंत्री का किया बचाव
दरअसल देशभर में कई प्रतियोगी परीक्षाओं में पेपर लीक के आरोपों को लेकर विपक्ष लगातार केंद्र सरकार और केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान पर निशाना साध रहा है। विपक्ष की ओर से मंत्री के इस्तीफे की मांग भी उठाई जा रही है। इस मुद्दे पर बृजभूषण सिंह ने धर्मेंद्र प्रधान का बचाव करते हुए कहा कि केवल मंत्री के इस्तीफे से समस्या खत्म नहीं होगी। उन्होंने कहा, “क्या धर्मेंद्र प्रधान जी इस्तीफा दे दें तो कोई गारंटी ले सकता है कि दोबारा पेपर लीक नहीं होगा।
बृजभूषण सिंह के मुताबिक पेपर लीक के पीछे अधिकारियों और कर्मचारियों का एक बड़ा नेटवर्क काम करता है। उन्होंने कहा कि किसी भी मंत्री के लिए हर जगह जाकर निगरानी करना संभव नहीं है।
अधिकारियों के नेक्सस पर उठाए सवाल
पूर्व सांसद ने दावा किया है कि पेपर लीक जैसी घटनाओं के पीछे संगठित तंत्र काम करता है। उन्होंने कहा कि सालों से कुछ अधिकारी और कर्मचारी इस व्यवस्था का हिस्सा बने हुए हैं। वहीं, इस बार सरकार ने बड़े अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई की है, जो सकारात्मक कदम है। उनके अनुसार यदि सरकार ने कश्मीर और पश्चिम बंगाल जैसे जटिल मुद्दों पर काम किया है तो वह पेपर लीक के नेटवर्क को भी खत्म कर सकती है।
बृजभूषण सिंह ने विश्वास जताया कि आने वाले समय में परीक्षा प्रणाली को और अधिक पारदर्शी और सुरक्षित बनाया जाएगा।
महिला पहलवानों के आंदोलन पर किया तंज
बता दें काफी समय से राष्ट्रीय राजनीति में सक्रिय नजर नहीं आने के सवाल पर बृजभूषण सिंह ने महिला पहलवानों के आंदोलन का जिक्र किया। उन्होंने कहा कि वर्ष 2023 में कुछ विश्वस्तरीय खिलाड़ियों द्वारा जो माहौल बनाया गया था, वह अभी भी उसके प्रभावों को संभालने में लगे हुए हैं।
बृजभूषण सिंह ने कहा, “2023 में कुछ वर्ल्ड चैंपियन और विश्व चैंपियन खिलाड़ियों ने जो रायता फैलाया था, फिलहाल मैं उसी को समेटने में लगा हूं।” उनका यह बयान एक बार फिर महिला पहलवानों के आंदोलन को लेकर विवाद खड़ा कर सकता है। गौरतलब है कि वर्ष 2023 में कई महिला पहलवानों ने बृजभूषण सिंह पर गंभीर आरोप लगाए थे, जिसके बाद देशभर में बड़ा आंदोलन देखने को मिला था।
अमित शाह की जमकर की तारीफ
पश्चिम बंगाल की राजनीति पर बोलते हुए बृजभूषण सिंह ने केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह की सराहना की। उन्होंने कहा कि बंगाल जैसे राज्य में भाजपा को मजबूत करने का काम आसान नहीं था। उन्होंने कहा कि अमित शाह ने वहां “पत्थर पर दूब उगाने” जैसा कठिन कार्य किया है। उनके अनुसार पश्चिम बंगाल में जिस प्रकार राजनीतिक बदलाव देखने को मिल रहे हैं, वह भाजपा के संगठनात्मक विस्तार का परिणाम है।
बृजभूषण सिंह ने दावा किया कि राज्य में नेताओं की लगातार हो रही राजनीतिक अदला-बदली यह दिखाती है कि लोग पुरानी राजनीतिक व्यवस्था से संतुष्ट नहीं हैं।
राहुल गांधी पर साधा निशाना
कांग्रेस नेता राहुल गांधी पर भी बृजभूषण सिंह ने तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि राहुल गांधी को देश में गंभीर राजनीतिक नेता के रूप में नहीं देखा जाता।
पूर्व सांसद ने कहा कि जब तक राहुल गांधी विपक्ष की राजनीति का चेहरा बने रहेंगे, तब तक भाजपा के सामने कोई बड़ी चुनौती नहीं खड़ी होगी। उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस नेतृत्व लगातार ऐसे बयान देता है जो जनता के बीच प्रभाव नहीं छोड़ पाते। बृजभूषण सिंह के अनुसार भाजपा को विपक्ष से फिलहाल कोई बड़ा खतरा नहीं दिखाई देता।
राजनीतिक हलकों में बढ़ी चर्चा
बृजभूषण सिंह के बयान ऐसे समय में सामने आए हैं जब देश में पेपर लीक, राम मंदिर प्रबंधन और विपक्ष की राजनीति जैसे मुद्दों पर लगातार बहस जारी है।
खास तौर से राम मंदिर दानपात्र विवाद पर उनका बयान सबसे ज्यादा चर्चा का विषय बन गया है। “सच बोल दूंगा तो परेशानी में आ जाऊंगा” जैसी टिप्पणी ने कई नए सवाल खड़े कर दिए हैं। हालांकि उन्होंने विस्तार से कुछ नहीं कहा, लेकिन उनके बयान ने राजनीतिक और सामाजिक हलकों में जिज्ञासा बढ़ा दी है।
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