
Uttar Pradesh Politics: उत्तर प्रदेश की राजनीति में 2027 विधानसभा चुनाव (UP Assembly Election 2027) से पहले सियासी बयानबाजी तेज हो गई है। बता दें इसी बीच यूपी के उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य ने समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष अखिलेश यादव पर तीखा हमला बोला है। अमेठी के एक दिवसीय दौरे पर पहुंचे केशव मौर्य ने अखिलेश यादव के सत्ता में लौटने के दावों पर तंज कसते हुए कहा कि वह ‘मुंगेरीलाल के हसीन सपने’ देखते रहें, लेकिन उनका सपना पूरा होने वाला नहीं है।
वहीं, केशव प्रसाद मौर्य ने आज रविवार को अमेठी पहुंचे थे। जिसके बाद यहां उन्होंने राजीव गांधी पेट्रोलियम प्रौद्योगिकी संस्थान में आयोजित कार्यक्रम में हिस्सा लिया। इस दौरान उन्होंने प्रदेश की राजनीति से जुड़े कई मुद्दों पर बात की और विपक्षी दलों पर निशाना साधा।
‘अखिलेश जनता की नजर में खुद एक सवाल’
डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मौर्य ने अखिलेश यादव पर निशाना साधते हुए कहा कि सपा प्रमुख जनता की नजर में खुद एक सवाल बन गए हैं। उन्होंने कहा कि अखिलेश यादव चाहे जितने सपने देख लें, लेकिन उत्तर प्रदेश की सत्ता में उनकी वापसी आसान नहीं है।
केशव मौर्य ने कहा कि भारतीय जनता पार्टी ने साल 2047 तक विकसित भारत बनाने का लक्ष्य रखा है। इसी संदर्भ में उन्होंने दावा किया कि 2047 तक उत्तर प्रदेश में अखिलेश यादव की सरकार बनने वाली नहीं है। उन्होंने यह भी कहा कि अखिलेश यादव 2047 तक मुख्यमंत्री नहीं बन पाएंगे। उनका यह बयान ऐसे समय में आया है जब उत्तर प्रदेश में अगले विधानसभा चुनाव को लेकर राजनीतिक दलों ने अपनी तैयारियां शुरू कर दी हैं। बीजेपी और समाजवादी पार्टी दोनों ही 2027 के चुनाव को लेकर संगठन को मजबूत करने में जुटी हैं।
राहुल गांधी पर भी साधा निशाना
केशव प्रसाद मौर्य ने सिर्फ अखिलेश यादव पर ही हमला नहीं किया, बल्कि कांग्रेस नेता और लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी को भी निशाने पर लिया। उन्होंने दावा किया कि उत्तर प्रदेश में समाजवादी पार्टी की सरकार नहीं बनेगी और केंद्र में भी कांग्रेस की सरकार नहीं आएगी।
डिप्टी सीएम ने कहा कि राहुल गांधी के प्रधानमंत्री बनने की संभावना भी नहीं है। केशव मौर्य इससे पहले भी कई मौकों पर अखिलेश यादव और राहुल गांधी पर राजनीतिक टिप्पणी करते रहे हैं। उनके ताजा बयान को 2027 के विधानसभा चुनाव से पहले बीजेपी की आक्रामक राजनीतिक रणनीति के तौर पर देखा जा रहा है।
सहारनपुर मस्जिद मामले पर क्या बोले मौर्य?
अमेठी दौरे के दौरान केशव प्रसाद मौर्य से सहारनपुर में मस्जिद तोड़े जाने को लेकर भी सवाल पूछा गया। इस पर उन्होंने कहा कि अगर कोई निर्माण गैरकानूनी है तो उसके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने कहा कि अवैध निर्माण को हटाने में गलत क्या है।
सहारनपुर में मस्जिद पर हुई कार्रवाई को लेकर पहले से ही राजनीतिक बयानबाजी चल रही है। विपक्षी दल इस कार्रवाई को लेकर सवाल उठा रहे हैं, जबकि सरकार की ओर से अवैध निर्माण के खिलाफ कार्रवाई की बात कही जा रही है।
2027 चुनाव से पहले बढ़ी सियासी हलचल
उत्तर प्रदेश में 2027 में विधानसभा चुनाव होने हैं। चुनाव में अभी समय है, लेकिन बीजेपी और सपा दोनों ने अपनी राजनीतिक गतिविधियां तेज कर दी हैं। अखिलेश यादव लगातार बीजेपी सरकार को विभिन्न मुद्दों पर घेर रहे हैं। वहीं बीजेपी नेता भी सपा प्रमुख और विपक्षी नेताओं पर लगातार पलटवार कर रहे हैं।
केशव प्रसाद मौर्य का ताजा बयान इसी राजनीतिक खींचतान की एक कड़ी माना जा रहा है। 2047 तक मुख्यमंत्री नहीं बनने का दावा करते हुए उन्होंने अखिलेश यादव की राजनीतिक महत्वाकांक्षा पर सीधा निशाना साधा है।
लाभार्थियों से भी मिले डिप्टी सीएम
अमेठी कार्यक्रम के दौरान केशव प्रसाद मौर्य ने सरकार की योजनाओं के लाभार्थियों से भी बातचीत की। उन्होंने 17 आवास लाभार्थियों को आवास सहायता राशि के चेक वितरित किए। इस दौरान उन्होंने लाभार्थियों से योजनाओं के बारे में जानकारी ली और उनके सुझाव भी सुने।
डिप्टी सीएम ने सरकार की योजनाओं और विकास कार्यों को लेकर भी लोगों से बातचीत की। उन्होंने कहा कि सरकार का उद्देश्य योजनाओं का लाभ जरूरतमंद लोगों तक पहुंचाना है। कुल मिलाकर, अमेठी दौरे के दौरान केशव मौर्य के बयान ने यूपी की सियासत में एक बार फिर अखिलेश यादव बनाम बीजेपी की राजनीतिक बहस को तेज कर दिया है। 2027 के विधानसभा चुनाव से पहले दोनों प्रमुख दलों के बीच बयानबाजी आने वाले दिनों में और तेज होने की संभावना है।
Author
-
अपर्णा पवांर, एक हिंदी कंटेंट राइटर है, जिन्होंने डिजिटल मीडिया में अपनी लेखनी से पहचान बनाई। आज वे “Khaber Aaj Ki” में हिंदी कंटेंट राइटर के पद पर काम करते हुए पत्रकारिता को अपना जुनून मानती हैं। उनके विचारों में खबरें केवल सूचनाएं नहीं, बल्कि लोगों तक सच्चाई पहुँचाने का माध्यम हैं।






