
CM Yogi Ayodhya Visit: उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ कल मंगलवार यानि 8 सितंबर को अयोध्या के दौरे पर रहेंगे। बता दें मुख्यमंत्री के कार्यक्रम को लेकर जिला प्रशासन ने तैयारियां पूरी कर ली हैं। अपने करीब दो घंटे 15 मिनट के अयोध्या दौरे के दौरान सीएम योगी कई महत्वपूर्ण कार्यक्रमों में हिस्सा लेंगे। सबसे पहले वह राजकीय इंटर कॉलेज में आयोजित प्रदेशव्यापी आंगनबाड़ी कार्यकत्रियों के सम्मेलन में शामिल होंगे।
इस कार्यक्रम में मुख्यमंत्री प्रदेशभर से पहुंची आंगनबाड़ी कार्यकत्रियों को संबोधित (Anganwadi Workers Conference 2026) करेंगे। साथ ही बेहतर कार्य करने वाली आंगनबाड़ी कार्यकत्रियों को सम्मानित भी करेंगे। कार्यक्रम का आयोजन राजकीय इंटर कॉलेज में किया गया है। ऐसे में आइए जानते हैं यहां पूरी खबर
दोपहर 2:50 बजे अयोध्या पहुंचेंगे सीएम योगी
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ मंगलवार दोपहर करीब 2 बजकर 50 मिनट पर राजकीय इंटर कॉलेज के हेलीपैड पर पहुंचेंगे। इसके बाद दोपहर 3 बजे से शाम 4 बजे तक आंगनबाड़ी कार्यकत्रियों के सम्मेलन में हिस्सा लेंगे। इस दौरान वह कार्यकत्रियों को संबोधित करेंगे और उनके काम की सराहना करते हुए उन्हें सम्मानित करेंगे।
कार्यक्रम समाप्त होने के बाद शाम 4 बजकर 10 मिनट पर मुख्यमंत्री हेलीकॉप्टर से अयोध्या धाम के लिए रवाना होंगे। करीब पांच मिनट बाद उनका हेलीकॉप्टर राम कथा पार्क स्थित हेलीपैड पर उतरेगा।
हनुमानगढ़ी और रामलला के करेंगे दर्शन
आंगनबाड़ी सम्मेलन के बाद मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ अयोध्या धाम में धार्मिक कार्यक्रमों में शामिल होंगे। शाम 4 बजकर 25 मिनट पर वह हनुमानगढ़ी पहुंचेंगे। यहां मुख्यमंत्री हनुमान जी के दर्शन और पूजन करेंगे।
इसके बाद शाम 4 बजकर 45 मिनट पर मुख्यमंत्री राम जन्मभूमि परिसर पहुंचेंगे। यहां वह रामलला के दर्शन और पूजन करेंगे। इसके बाद मुख्यमंत्री हेलीकॉप्टर से लखनऊ के लिए रवाना हो जाएंगे। निर्धारित कार्यक्रम के मुताबिक शाम 5 बजकर 5 मिनट पर उनका हेलीकॉप्टर अयोध्या से लखनऊ के लिए उड़ान भरेगा। वहीं, इस तरह मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का अयोध्या दौरा करीब दो घंटे 15 मिनट का रहेगा। मुख्यमंत्री के दौरे को देखते हुए प्रशासन और सुरक्षा एजेंसियों ने भी अपनी तैयारियां पूरी कर ली हैं।
बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में राहत अभियान तेज
मुख्यमंत्री के अयोध्या दौरे के साथ ही उत्तर प्रदेश में बाढ़ की स्थिति भी सरकार के लिए बड़ी चुनौती बनी हुई है। प्रदेश के कई जिलों में बाढ़ प्रभावित लोगों को राहत देने और उन्हें सुरक्षित स्थानों तक पहुंचाने का अभियान लगातार जारी है।
उत्तर प्रदेश राहत आयुक्त कार्यालय के मुताबिक बाढ़ प्रभावित इलाकों में प्रशासन की टीमें लगातार काम कर रही हैं। अब तक 19,496 लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया जा चुका है। वहीं सोमवार को करीब 6,000 लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया गया।
सरकार की ओर से बाढ़ प्रभावित लोगों के लिए भोजन, राहत सामग्री और स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराई जा रही हैं। अब तक 6.83 लाख से अधिक लंच पैकेट वितरित किए जा चुके हैं। इसके अलावा 1.11 लाख से ज्यादा बाढ़ राहत किट भी जरूरतमंद लोगों तक पहुंचाई गई हैं।
1,634 बाढ़ चौकियां स्थापित
बाढ़ की स्थिति पर नजर रखने और प्रभावित लोगों तक तत्काल मदद पहुंचाने के लिए प्रदेश में 1,634 बाढ़ चौकियां स्थापित की गई हैं। इसके अलावा प्रभावित क्षेत्रों में 1,072 मेडिकल टीमें लगाई गई हैं, ताकि बाढ़ प्रभावित लोगों को समय पर स्वास्थ्य सेवाएं मिल सकें।
राहत और बचाव अभियान के लिए 2,161 नाव और मोटरबोट भी तैनात की गई हैं। इनके जरिए बाढ़ प्रभावित इलाकों में फंसे लोगों को सुरक्षित निकालने और जरूरी सामान पहुंचाने का काम किया जा रहा है।
सरकार के अनुसार बाढ़ के कारण अब तक किसी व्यक्ति की मौत की सूचना नहीं है। प्रशासन का दावा है कि राहत और बचाव कार्य लगातार निगरानी के साथ चलाए जा रहे हैं।
बाढ़ पीड़ितों के लिए बनाए गए 1,315 शरणालय
बाढ़ प्रभावित लोगों को सुरक्षित रखने के लिए प्रदेश में 1,315 शरणालय स्थापित किए गए हैं। इन शरणालयों में लोगों के रहने और भोजन की व्यवस्था की जा रही है। इसके साथ ही स्वास्थ्य सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए 6.68 लाख क्लोरीन टैबलेट और 2.60 लाख से अधिक ओआरएस पैकेट वितरित किए गए हैं।
बाढ़ से प्रभावित मकानों को लेकर भी प्रशासन की ओर से सहायता दी जा रही है। अब तक 1,490 मकानों के क्षतिग्रस्त होने की सूचना मिली है। इनमें से 1,272 मामलों में प्रभावित परिवारों को सहायता उपलब्ध कराई जा चुकी है।
इन जिलों में बाढ़ का असर
उत्तर प्रदेश के कई जिलों में बाढ़ का असर देखने को मिल रहा है। प्रभावित जिलों में अयोध्या, आजमगढ़, बहराइच, बदायूं, बलिया, बाराबंकी, बस्ती, चंदौली, फर्रुखाबाद, गाजीपुर, गोंडा, गोरखपुर, हरदोई, कासगंज, कानपुर नगर, लखीमपुर खीरी, मिर्जापुर, मुरादाबाद, प्रयागराज, रायबरेली, संत कबीर नगर, रामपुर, सीतापुर, शाहजहांपुर, उन्नाव और वाराणसी शामिल हैं।
सरकार और स्थानीय प्रशासन की ओर से बाढ़ प्रभावित इलाकों में लगातार स्थिति की निगरानी की जा रही है। लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाने के साथ भोजन, दवाइयां और अन्य जरूरी राहत सामग्री उपलब्ध कराने पर जोर दिया जा रहा है।
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अपर्णा पवांर, एक हिंदी कंटेंट राइटर है, जिन्होंने डिजिटल मीडिया में अपनी लेखनी से पहचान बनाई। आज वे “Khaber Aaj Ki” में हिंदी कंटेंट राइटर के पद पर काम करते हुए पत्रकारिता को अपना जुनून मानती हैं। उनके विचारों में खबरें केवल सूचनाएं नहीं, बल्कि लोगों तक सच्चाई पहुँचाने का माध्यम हैं।






