
Delhi-NCR Monsoon Update: दिल्ली-एनसीआर के लोगों के लिए राहत भरी खबर आई है। कई दिनों से भीषण गर्मी, उमस और गर्म हवाओं का सामना कर रहे लोगों को अब जल्द राहत मिलने वाली है। भारतीय मौसम विभाग (IMD) के अनुसार दक्षिण-पश्चिम मॉनसून अगले 48 घंटों के भीतर दिल्ली, नोएडा, गुरुग्राम, गाजियाबाद, फरीदाबाद और आसपास के इलाकों में दस्तक दे सकता है। ऐसे में मौसम विभाग का कहना है कि 2 जुलाई से बारिश की गतिविधियां तेज होंगी और तापमान में भी उल्लेखनीय गिरावट देखने को मिलेगी। आइए जानते हैं यहां पूरी जानकारी
दिल्ली-NCR में मौसम बदलेगा करवट
दरअसल पिछले कई दिनों से राजधानी दिल्ली और एनसीआर के शहरों में तेज धूप और उमस ने लोगों की मुश्किलें बढ़ा दी थीं। जिसमें दिन के समय अधिकतम तापमान 42 से 43 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया, जबकि रात का तापमान भी सामान्य से काफी ज्यादा बना रहा। हल्की बारिश होने के बावजूद हवा में नमी बढ़ने से उमस कम नहीं हुई।
अब मौसम विभाग IMD का कहना है कि मॉनसून के आगे बढ़ने के लिए अनुकूल परिस्थितियां बन चुकी हैं। इसके चलते अगले दो से तीन दिनों में दिल्ली-एनसीआर में मौसम पूरी तरह बदल सकता है।
2 जुलाई से होगी बारिश
IMD के अनुसार 30 जून और 1 जुलाई को दिल्ली-एनसीआर के कुछ हिस्सों में हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है। हालांकि 2 जुलाई से 6 जुलाई के बीच बारिश का दौर तेज होने की संभावना है।
इस दौरान कई इलाकों में लगातार बारिश हो सकती है। मौसम विभाग ने कुछ स्थानों पर भारी बारिश, गरज-चमक, बिजली गिरने और तेज हवाएं चलने की भी संभावना जताई है। ऐसे में लोगों को खराब मौसम के दौरान सावधानी बरतने की सलाह भी दी गई है।
तापमान में आएगी बड़ी गिरावट
बता दें बारिश शुरू होने के बाद राजधानी और आसपास के इलाकों में तापमान तेजी से नीचे आएगा।
मौसम विभाग के अनुमान के मुताबिक—
- 30 जून को अधिकतम तापमान 38 से 40 डिग्री सेल्सियस रह सकता है।
- 1 जुलाई को तापमान 36 से 38 डिग्री के बीच रहने का अनुमान है।
- 2 और 3 जुलाई तक अधिकतम तापमान 32 से 34 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच सकता है।
इन शहरों में मिलेगा सबसे ज्यादा फायदा
मॉनसून की एंट्री का सबसे ज्यादा असर दिल्ली-एनसीआर के प्रमुख शहरों में देखने को मिलेगा। इनमें शामिल हैं—
- दिल्ली
- नोएडा
- ग्रेटर नोएडा
- गुरुग्राम
- गाजियाबाद
- फरीदाबाद
UP में पहले ही पहुंच चुका है मॉनसून
मौसम विभाग IMD के अनुसार मॉनसून उत्तर प्रदेश के अधिकांश हिस्सों में सक्रिय हो चुका है। खासकर पूर्वी उत्तर प्रदेश और तराई क्षेत्र में पिछले दो दिनों से अच्छी बारिश दर्ज की गई है। बारिश के कारण कई जिलों में तापमान 5 से 7 डिग्री सेल्सियस तक कम हुआ है। किसानों के लिए भी यह बारिश काफी लाभदायक मानी जा रही है, क्योंकि खरीफ फसलों की बुवाई में तेजी आने की उम्मीद है।
देश के इन राज्यों में भी बढ़ा मॉनसून
30 जून तक दक्षिण-पश्चिम मॉनसून मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़, बिहार, झारखंड, उत्तर प्रदेश के बड़े हिस्से, उत्तराखंड के अधिकांश क्षेत्रों तथा हिमाचल प्रदेश और लद्दाख के कुछ इलाकों तक पहुंच चुका है। ऐसे में अब मौसम विभाग का अनुमान है कि जल्द ही मॉनसून दिल्ली, हरियाणा, पंजाब और उत्तर-पश्चिम भारत के बाकी हिस्सों को भी पूरी तरह कवर कर लेगा।
क्यों हुई मॉनसून की एंट्री में देरी?
आमतौर पर मॉनसून 27 जून तक दिल्ली पहुंच जाता है, लेकिन पिछले कुछ वर्षों में इसकी एंट्री में देरी देखने को मिली है।
पिछले सालों का रिकॉर्ड देखें—
2025 – 29 जून
2024 – 28 जून
2022 – 30 जून
2021 – 13 जुलाई (सबसे ज्यादा देरी)
लोगों के लिए मौसम विभाग की सलाह
मौसम विभाग ने बारिश और खराब मौसम को देखते हुए लोगों को कुछ जरूरी सावधानियां बरतने की सलाह दी है।
- गरज-चमक के दौरान खुले मैदान में जाने से बचें।
- बिजली चमकने पर पेड़ों के नीचे खड़े न हों।
- जलभराव वाले इलाकों में वाहन सावधानी से चलाएं।
- मौसम से जुड़ी ताजा जानकारी पर नजर बनाए रखें।
- तेज हवाओं के दौरान कमजोर ढांचों और होर्डिंग्स से दूरी रखें।
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