
Government Action On Betting: भारत सरकार ने ऑनलाइन सट्टेबाजी और गैंबलिंग के खिलाफ सख्त कार्रवाई शुरू कर दी है। कई वेबसाइटों को ब्लॉक कर दिया हैं। यहां पढ़ें पूरी खबर
Government Action On Betting: देश में युवाओं को जुए की लत से बचाने और डिजिटल अपराधों पर लगाम लगाने के लिए केंद्र सरकार ने सख्त कदम उठाया हैं। दरअसल, सरकार ने अवैध वेबसाइटों के खिलाफ व्यापक कार्रवाई शुरू कर दी की है। इसी क्रम में 242 गैरकानूनी बेटिंग और गैंबलिंग प्लेटफॉर्म्स को ब्लॉक कर दिया गया है।
बता दें कि सरकार का साफ संदेश है कि कानून से खिलवाड़ करने वालों को किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जाएगा।
जुए के खिलाफ सख्त कार्रवाई
केंद्र सरकार ने अवैध ऑनलाइन सट्टेबाजी और जुए के खिलाफ एक बार फिर सख्त कार्रवाई की है। जिसमें सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय (MeitY) ने आज 242 संदिग्ध वेबसाइटों के लिंक तुरंत ब्लॉक कर दिए हैं। वहीं, ये वेबसाइटें मुख्य रूप से स्पोर्ट्स बेटिंग, कैसीनो गेम्स और क्रिप्टोकरेंसी आधारित जुआ चलाने वाली थीं, जो बिना किसी वैध लाइसेंस के काम कर रही थीं।सरकारी सूत्रों के अनुसार, इंटरनेट सर्विस प्रदाताओं (ISP) को आदेश जारी कर इन साइटों तक पहुंच पूरी तरह रोक दी गई है। अब तक कुल 7,800 से ज्यादा ऐसी अवैध वेबसाइटों पर पाबंदी लग चुकी है। यह कार्रवाई ऑनलाइन गेमिंग एक्ट लागू होने के बाद तेज हुई है, जिसका मकसद यूजर्स को खासकर युवाओं को वित्तीय धोखाधड़ी, लत और सामाजिक नुकसान से बचाना है।
अवैध जुआ बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
एक वरिष्ठ अधिकारी का कहना है कि, जांच एजेंसियां इन प्लेटफॉर्म्स के खिलाफ आर्थिक अपराधों की जांच भी तेज कर रही हैं। जिसमें एक्सपर्ट्स का कहना है कि, अवैध सट्टेबाजी से हर साल अरबों रुपये का काला धन बनता है, और यह कदम डिजिटल अर्थव्यवस्था में सख्त विनियमन का मजबूत संकेत है। साथ ही,ऑनलाइन बेटिंग इंडस्ट्री में इस कार्रवाई से हड़कंप मच गया है। जिसके बाद, सरकार का कहना है कि आने वाले दिनों में और सख्त कदम उठाए जा सकते हैं। वहीं, लोगों से अपील की गई है कि वे केवल प्रमाणित और कानूनी प्लेटफॉर्म का ही इस्तेमाल करें। साथ ही, यह फैसला युवाओं की सुरक्षा और देश में जुआ रोकने की दिशा में अहम कदम है। सरकार का स्पष्ट संदेश है, अवैध जुआ बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।






