सरकार ने साफ किया कि वर्ष 2020 में नियुक्त 67,867 शिक्षकों की सेवा पर कोई असर नहीं पड़ेगा.
संशोधित मेरिट सूची में योग्य पाए गए अभ्यर्थियों को खाली पदों पर नियुक्ति दी जाएगी.
सरकार ने कहा कि यह व्यवस्था केवल 69 हजार शिक्षक भर्ती के लिए होगी, भविष्य की भर्ती पर लागू नहीं होगी.
सरकार ने सुप्रीम कोर्ट में 8,270 अभ्यर्थियों की संशोधित सूची भी पेश की है.
मामला आरक्षित वर्ग के मेधावी अभ्यर्थियों के जनरल श्रेणी में समायोजन और मेरिट को लेकर शुरू हुआ था.
इलाहाबाद हाई कोर्ट ने 2024 में पूरी भर्ती की नई मेरिट सूची तैयार करने का निर्देश दिया था.
सरकार ने कोर्ट से कहा है कि मौजूदा शिक्षकों की नौकरी सुरक्षित रखते हुए खाली पदों पर नए योग्य अभ्यर्थियों को समायोजित किया जाए.