
Royal Enfield: भारतीय बाजार की मशहूर कंपनी रॉयल एनफील्ड ने अपने उत्पादन को लेकर बड़ा फैसला लिया है। जिसमें बढ़ती मांग को देखते हुए कंपनी ने सालाना प्रोडक्शन में 14.6 लाख यूनिट से बढ़ाकर 20 लाख यूनिट करने की योजना बनाई है। बता दें कि कंपनी लगभग ₹958 करोड़ का निवेश करेगी। यह कदम कंपनी की मजबूत बाजार स्थिति और भविष्य की रणनीति को दिखाता है।
क्यों बढ़ानी पड़ी उत्पादन क्षमता?
जानकारी के अनुसार,पिछले कुछ वर्षों में रॉयल एनफील्ड की बाइक्स की मांग तेजी से बढ़ी है। जिसमें भारत के साथ-साथ विदेशों में भी कंपनी के मॉडल्स को काफी पसंद किया जा रहा है। वहीं, साल 2025 में कंपनी ने रिकॉर्ड 10,71,809 बाइक बेचीं। यह पहला मौका था जब कंपनी की सालाना बिक्री 10 लाख यूनिट के पार पहुंची। वहीं, बिक्री में इस तेजी ने साफ कर दिया कि मौजूदा उत्पादन क्षमता आने वाले समय की जरूरतों के लिए पर्याप्त नहीं है। कंपनी का मौजूदा प्लांट लगभग पूरी क्षमता से चल रहा है। ऐसे में डिमांड और सप्लाई के बीच संतुलन बनाए रखने के लिए उत्पादन बढ़ाना जरूरी हो गया था।
एक्सपोर्ट में भी मजबूत प्रदर्शन
रॉयल एनफील्ड केवल घरेलू बाजार पर टिकी नहीं है। कंपनी की अंतरराष्ट्रीय बाजार में भी मजबूत पकड़ बन चुकी है। साल 2025 के दौरान कंपनी ने 1,32,132 बाइक विदेशों में एक्सपोर्ट कीं। यह आंकड़ा बताता है कि भारतीय मिड-साइज बाइक सेगमेंट की वैश्विक पहचान लगातार मजबूत हो रही है।
एक्सपोर्ट बढ़ने से कंपनी के सामने उत्पादन बढ़ाने का दबाव और ज्यादा बढ़ गया। वहीं, इसी वजह से कंपनी ने समय रहते ही योजना पर काम शुरू कर दिया।
कहां होगा प्लांट का विस्तार?
बताया जा रहा है कि कंपनी अपनी उत्पादन क्षमता में बढ़ोतरी तमिलनाडु के चेय्यार स्थित प्लांट में करेगी। यहां करीब 5.4 लाख यूनिट सालाना अतिरिक्त उत्पादन क्षमता जोड़ी जाएगी। यानी कुल क्षमता में लगभग 37 प्रतिशत की वृद्धि होगी।
जिसमें हर साल वर्ष 2027 की पहली तिमाही से उत्पादन बढ़ाने की प्रक्रिया शुरू होने की उम्मीद है। पूरा विस्तार वित्त वर्ष 2028 तक पूरा कर लिया जाएगा। इसके बाद कंपनी की कुल सालाना उत्पादन क्षमता 20 लाख यूनिट तक पहुंच जाएगी।
₹958 करोड़ का निवेश कैसे होगा?
इस योजना की सबसे खास बात यह है कि कंपनी इस विस्तार के लिए किसी तरह का कर्ज नहीं ले रही है। पूरा निवेश इंटरनल फंड यानी कंपनी की अपनी कमाई से किया जाएगा। बता दें कि, इससे यह संकेत मिलता है कि कंपनी की वित्तीय स्थिति मजबूत है और वह बिना बाहरी दबाव के लंबे समय की योजना बना रही है। निवेश का यह तरीका जोखिम को भी कम करता है और भविष्य में कंपनी को ज्यादा स्थिरता देता है।
ग्राहकों को क्या होगा फायदा?
उत्पादन क्षमता बढ़ने का सीधा फायदा ग्राहकों को मिल सकता है।
- बाइक्स की डिलीवरी वेटिंग पीरियड कम हो सकता है।
- नए मॉडल्स को जल्दी लॉन्च करने में मदद मिलेगी।
- स्पेयर पार्ट्स और सर्विस नेटवर्क में सुधार की संभावना बढ़ेगी।
- घरेलू और विदेशी बाजार में उपलब्धता बेहतर होगी।
मिड-साइज बाइक सेगमेंट में मजबूत पकड़
रॉयल एनफील्ड लंबे समय से मिड-साइज मोटरसाइकिल सेगमेंट में अग्रणी कंपनी रही है। क्लासिक डिजाइन, दमदार इंजन और मजबूत ब्रांड इमेज ने कंपनी को अलग पहचान दी है।
पिछले कुछ सालों में कंपनी ने कई नए मॉडल्स लॉन्च किए हैं, जिससे युवाओं के बीच इसकी लोकप्रियता और बढ़ी है। साथ ही कंपनी इलेक्ट्रिक और नए प्लेटफॉर्म पर भी काम कर रही है, जो भविष्य की रणनीति का हिस्सा माना जा रहा है।
भविष्य की तैयारी का संकेत
जानकारी के अनुसार, ₹958 करोड़ का यह निवेश सिर्फ फैक्ट्री विस्तार भर नहीं है, बल्कि आने वाले समय की बड़ी तैयारी है। उत्पादन क्षमता बढ़ने के बाद कंपनी ज्यादा आक्रामक तरीके से बाजार में उतर सकती है।
- नए देशों में एक्सपोर्ट बढ़ाने की संभावना
- नए मॉडल्स की तेज लॉन्चिंग
- बढ़ती वैश्विक प्रतिस्पर्धा का सामना करने की तैयारी
- ब्रांड वैल्यू को और मजबूत करने की रणनीति
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