
Delhi Bomb Threat: राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में मंगलवार सुबह उस वक्त अफरा-तफरी मच गई, जब अलग-अलग इलाकों के कुल 9 स्कूलों को बम से उड़ाने की धमकी मिली.दिल्ली पुलिस के अनुसार, इन धमकियों में दक्षिणी दिल्ली के तीन स्कूल भी शामिल हैं. सभी धमकी भरे कॉल और ईमेल सुबह 8:30 से 9:00 बजे के बीच प्राप्त हुए.सूचना मिलते ही पुलिस-प्रशासन पूरी तरह अलर्ट हो गया और संबंधित स्कूलों के आसपास सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई.
धमकी की खबर सामने आते ही दिल्ली पुलिस, दमकल विभाग और बम निरोधक दस्ते (Bomb Disposal Squad) की टीमें तुरंत मौके पर पहुंचीं और स्कूल परिसरों की गहन जांच शुरू कर दी गई. बच्चों, शिक्षकों और स्टाफ की सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए कई जगहों पर छात्रों को सुरक्षित स्थानों पर ले जाया गया और अभिभावकों को भी सूचित किया गया.
प्रत्यक्षदर्शियों और स्कूल प्रशासन के मुताबिक, जैसे ही धमकी की सूचना मिली, स्कूल परिसरों में हलचल बढ़ गई. कई स्कूलों में उस वक्त कक्षाएं शुरू हो चुकी थीं. अचानक पुलिस की गाड़ियां, फायर ब्रिगेड और बम स्क्वॉड पहुंचने से माहौल गंभीर हो गया. कुछ स्कूलों में सावधानीपूर्वक बच्चों को मैदान या खुले स्थान पर बैठाया गया, तो कहीं-कहीं अस्थायी रूप से छुट्टी घोषित कर अभिभावकों को बच्चों को लेने के लिए कहा गया.
दिल्ली पुलिस ने बताया कि धमकी मिलने के बाद हर स्कूल को एक-एक करके खंगाला जा रहा है. किसी भी संदिग्ध वस्तु, बैग या पैकेट को नजरअंदाज नहीं किया जा रहा. बम निरोधक दस्ते द्वारा आधुनिक उपकरणों से जांच की जा रही है ताकि किसी भी खतरे की आशंका को पूरी तरह खत्म किया जा सके.
दक्षिणी दिल्ली के तीन स्कूल निशाने पर
पुलिस के मुताबिक, धमकी पाने वाले नौ स्कूलों में से तीन स्कूल दक्षिणी दिल्ली के हैं. इन इलाकों में पहले से ही भीड़भाड़ रहती है, इसलिए सुरक्षा एजेंसियां और ज्यादा सतर्क हैं. आसपास की सड़कों पर पुलिस बल बढ़ा दिया गया है और संदिग्ध गतिविधियों पर नजर रखी जा रही है.
अधिकारियों ने बताया कि फिलहाल किसी स्कूल से विस्फोटक मिलने की पुष्टि नहीं हुई है, लेकिन एहतियात के तौर पर जांच जारी है. हर सूचना को गंभीरता से लिया जा रहा है ताकि बच्चों की सुरक्षा में कोई चूक न हो.
वहीं, दिल्ली पुलिस ने स्पष्ट किया कि कुछ स्कूलों को फोन कॉल के जरिए धमकी मिली, जबकि कुछ को ईमेल के माध्यम से. साइबर टीम को तुरंत सक्रिय कर दिया गया है. ईमेल की आईपी ट्रैकिंग, कॉल डिटेल रिकॉर्ड (CDR) और तकनीकी जांच के जरिए यह पता लगाने की कोशिश की जा रही है कि धमकी किसने और कहां से दी. पुलिस अधिकारियों के अनुसार, कई बार इस तरह की धमकियां फर्जी भी निकलती हैं, लेकिन सुरक्षा कारणों से हर सूचना को असली मानकर कार्रवाई की जाती है. दोषियों की पहचान होते ही उनके खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाएगी.
बच्चों और अभिभावकों की चिंता, स्कूल प्रशासन अलर्ट
धमकी की खबर फैलते ही अभिभावकों में चिंता बढ़ गई. कई माता-पिता अपने बच्चों को लेने स्कूल पहुंच गए. स्कूल प्रशासन ने स्थिति को संभालते हुए अभिभावकों को भरोसा दिलाया कि बच्चों की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है. कुछ स्कूलों ने आधिकारिक मैसेज भेजकर बताया कि पुलिस और सुरक्षा एजेंसियां जांच कर रही हैं और स्थिति नियंत्रण में है.
एक अभिभावक ने कहा, “सुबह अचानक कॉल आया कि स्कूल में बम धमकी मिली है. दिल घबरा गया, बच्चों की सुरक्षा सबसे जरूरी है. उम्मीद है पुलिस जल्द ही स्थिति नियंत्रण में कर देगी.” वहीं एक शिक्षक ने बताया कि स्कूल स्टाफ ने बच्चों को शांत रखने की कोशिश की और किसी तरह की अफवाह फैलने नहीं दी.
स्कूलों के बाहर बढ़ाई गई निगरानी,सुरक्षा व्यवस्था सख्त
घटना के बाद दिल्ली के अन्य स्कूलों और संवेदनशील इलाकों में भी सतर्कता बढ़ा दी गई है. कई जगहों पर स्कूलों के बाहर अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किए गए है. स्कूल बसों और प्रवेश द्वारों पर चेकिंग बढ़ाई गई है. दिल्ली पुलिस ने आम लोगों से अपील की है कि किसी भी संदिग्ध वस्तु या गतिविधि की सूचना तुरंत नजदीकी थाने को दें.
दमकल विभाग की टीमें भी मौके पर मौजूद हैं ताकि किसी आपात स्थिति में तुरंत कार्रवाई की जा सके. बम निरोधक दस्ते द्वारा कक्षाओं, लाइब्रेरी, प्रयोगशालाओं, शौचालयों और खुले मैदानों तक की बारीकी से जांच की जा रही है.
पहले भी मिल चुकी हैं ऐसी धमकियां
यह पहली बार नहीं है जब दिल्ली के स्कूलों को इस तरह की धमकियां मिली हों. पिछले कुछ समय में देश के अलग-अलग शहरों में स्कूलों, अस्पतालों और एयरपोर्ट्स को बम धमकी मिलने की घटनाएं सामने आ चुकी हैं.ज्यादातर मामलों में जांच के बाद धमकियां फर्जी पाई गईं, लेकिन इससे बच्चों और अभिभावकों में डर जरूर पैदा हुआ.
सुरक्षा विशेषज्ञों का कहना है कि इस तरह की धमकियां समाज में डर फैलाने के इरादे से दी जाती हैं. इसलिए जरूरी है कि दोषियों को जल्दी पकड़ा जाए और सख्त सजा दी जाए, ताकि भविष्य में कोई इस तरह की हरकत करने से पहले सौ बार सोचे.
प्रशासन की अपील: अफवाहों से बचें और धैर्य रखें
दिल्ली पुलिस और शिक्षा विभाग ने संयुक्त रूप से अपील की है कि अफवाहों पर ध्यान न दें. सोशल मीडिया पर किसी भी अपुष्ट जानकारी को शेयर करने से बचें.सभी स्कूलों में सुरक्षा व्यवस्था बढ़ा दी गई है और स्थिति पर लगातार नजर रखी जा रही है.
पुलिस अधिकारियों ने कहा, “हम पूरी गंभीरता से मामले की जांच कर रहे हैं. अभी तक किसी तरह का विस्फोटक नहीं मिला है. लोगों से अनुरोध है कि घबराएं नहीं, बल्कि सहयोग करें.”






