
Uttar Pradesh: भारतीय जनता पार्टी की राजनीति में रविवार का दिन खास रहा, जब पार्टी के नवनिर्वाचित राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन पहली बार अपने नए पद पर ग्रहण होने के बाद मथुरा पहुंचे.उनके इस दौरे को धार्मिक, संगठनात्मक और राजनीतिक तीनों दृष्टि से बेहद महत्वपूर्ण माना जा रहा है. मथुरा आगमन के साथ ही पार्टी कार्यकर्ताओं और समर्थकों में उत्साह का माहौल देखने को मिला.
राष्ट्रीय अध्यक्ष बनने के बाद नितिन नवीन का यह पहला ब्रज क्षेत्र दौरा था, जिसे आगामी राजनीतिक रणनीति और उत्तर प्रदेश की राजनीति से जोड़कर देखा जा रहा है.
बाजना कट पर हुआ भव्य स्वागत, कार्यकर्ताओं में दिखा जोश
नितिन नवीन के मथुरा पहुंचते ही बाजना कट पर भारतीय जनता पार्टी के कार्यकर्ताओं ने उनका जोरदार स्वागत किया.ढोल-नगाड़ों, फूलों की मालाओं और “भारत माता की जय” के नारों के बीच पार्टी कार्यकर्ताओं ने अपने नए राष्ट्रीय अध्यक्ष का अभिनंदन किया.
इस दौरान जगह-जगह भगवा झंडे और बैनर लगाए गए थे, जिन पर पार्टी के विकास कार्यों और संगठनात्मक एकता का संदेश दिया गया. कार्यकर्ताओं का जोश इस बात का संकेत दे रहा था, कि नेतृत्व में परिवर्तन होने के बाद पार्टी में नया उत्साह देखने को मिल रहा है.
कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए नितिन नवीन
बाजना कट पर आयोजित संक्षिप्त सभा को संबोधित करते हुए नितिन नवीन ने कहा कि उत्तर प्रदेश में भारतीय जनता पार्टी ने बीते वर्षों में विकास के नए आयाम स्थापित किए हैं.उन्होंने भरोसा जताया कि पार्टी एक बार फिर जनता के आशीर्वाद से उत्तर प्रदेश में सरकार बनाएगी.
नितिन नवीन ने कहा,कि जनता का विश्वास और समर्थन ही भाजपा की सबसे बड़ी ताकत है.उन्होंने कार्यकर्ताओं से अपील की कि वे संगठन को और मजबूत करें और सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं को घर-घर तक पहुंचाएं.
अक्षय पात्र में ‘मन की बात’ कार्यक्रम में हुए शामिल
मथुरा दौरे के दौरान नितिन नवीन ने अक्षय पात्र परिसर में आयोजित मन की बात कार्यक्रम में भी हिस्सा लिया.इस कार्यक्रम में बड़ी संख्या में पार्टी कार्यकर्ता, सामाजिक कार्यकर्ता और स्थानीय नागरिक मौजूद रहे.
मन की बात कार्यक्रम के बाद नितिन नवीन ने कहा कि प्रधानमंत्री द्वारा दिए गए संदेश समाज को सकारात्मक दिशा देने का काम करते हैं और कार्यकर्ताओं को जनता से जोड़ने का माध्यम बनते हैं.
बांके बिहारी मंदिर में की पूजा-अर्चना
इसके बाद नितिन नवीन ने मथुरा के प्रसिद्ध बांके बिहारी मंदिर में दर्शन-पूजन किया.इस दौरान उनके साथ उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ भी मौजूद रहे. दोनों नेताओं ने भगवान श्रीकृष्ण के चरणों में पूजा-अर्चना कर प्रदेश और देश की सुख-समृद्धि की कामना की.मंदिर परिसर में सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए थे और दर्शन के दौरान श्रद्धालुओं की आवाजाही को नियंत्रित में रखा गया.
धार्मिक संदेश के साथ राजनीतिक संकेत
राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि नितिन नवीन का मथुरा दौरा केवल धार्मिक यात्रा नहीं, बल्कि इसके राजनीतिक मायने भी हैं.मथुरा,अयोध्या और काशी जैसे धार्मिक केंद्र भाजपा की सांस्कृतिक राजनीति का अहम हिस्सा माना जाता हैं.
राष्ट्रीय अध्यक्ष बनने के बाद मथुरा आकर बांके बिहारी के दर्शन करना यह संदेश देता है कि भाजपा अपनी वैचारिक और सांस्कृतिक जड़ों से कितनी जुड़ी हुई है.
उत्तर प्रदेश की राजनीति पर विशेष फोकस
नितिन नवीन के भाषण और गतिविधियों से यह साफ संकेत मिला कि उत्तर प्रदेश आगामी समय में पार्टी की रणनीति का केंद्र बिंदु रहेगा.उन्होंने कहा कि जिस तरह से उत्तर प्रदेश में बुनियादी ढांचे, कानून-व्यवस्था और सामाजिक कल्याण के क्षेत्र में काम हुआ है, उसी आधार पर पार्टी फिर से जनता के बीच जाएगी.
उनका यह बयान आगामी चुनावों को देखते हुए काफी अहम माना जा रहा है.
कार्यकर्ताओं में बढ़ा उत्साह
नितिन नवीन के मथुरा आगमन से स्थानीय भाजपा कार्यकर्ताओं में नया जोश देखने को मिला.कई कार्यकर्ताओं ने इसे संगठन के लिए शुभ संकेत बताया और कहा कि नए राष्ट्रीय अध्यक्ष के नेतृत्व में पार्टी और मजबूत होगी.
कार्यकर्ताओं का कहना है ,कि शीर्ष नेतृत्व का इस तरह ज़मीनी स्तर पर पहुंचना संगठन को मजबूती देता है और कार्यकर्ताओं का मनोबल बढ़ाता है.
संगठनात्मक मजबूती की दिशा में संदेश
अपने संबोधन में नितिन नवीन ने संगठनात्मक अनुशासन, एकजुटता और समर्पण पर भी जोर दिया.उन्होंने कहा कि भाजपा की ताकत उसका कार्यकर्ता है और हर कार्यकर्ता को पार्टी की नीति और सिद्धांतों के साथ आगे बढ़ना होगा.
उन्होंने स्पष्ट किया कि पार्टी आने वाले समय में युवाओं और नए कार्यकर्ताओं को आगे लाने पर विशेष ध्यान देगी.
राजनीतिक गलियारों में हलचल
नितिन नवीन के इस दौरे को लेकर राजनीतिक गलियारों में भी चर्चा तेज है. विपक्षी दल इसे भाजपा की चुनावी तैयारी का हिस्सा मान रहे हैं, जबकि भाजपा समर्थकों का कहना है कि यह दौरा संगठन को नई ऊर्जा देने वाला साबित होगा.






